सफर और हमसफ़र

ट्रेन चलने को ही थी कि अचानक कोई जाना पहचाना सा चेहरा जर्नल बोगी में आ गया। मैं अकेली सफर पर थी। सब अजनबी चेहरे थे। स्लीपर का टिकिट नही मिला तो जर्नल डिब्बे में ही बैठना पड़ा। मगर यहां ऐसे हालात में उस शख्स से मिलना। जिंदगी के लिए एक संजीवनी के समान था। … Read more

दीपावली के दिन सूरन की सब्जी

दीपावली के दिन सूरन की सब्जी बनती है,,, सूरन को जिमीकन्द (कहीं कहीं ओल) और कांद भी बोलते हैं, आजकल तो मार्केट में हाईब्रीड सूरन आ गया है,, कभी-२ देशी वाला सूरन भी मिल जाता है ! दीपावली के 3-4 दिन पहले से ही मार्केट में हर सब्जी वाला (खास कर के उत्तर भारत में) … Read more

तीन छलनी परीक्षण

जय जय श्रीराधे ! 💖 एक बार चाणक्य का एक परिचित उनसे मिलने आया और बोला – क्या तुम जानते हो कि “मैंने तुम्हारे मित्र के बारे में क्या सुना है?” चाणक्य ने उसे टोकते हुए कहा – “एक मिनट रुको।” इसके पहले कि तुम मुझे मेरे मित्र के बारे में कुछ बताओ, उसके पहले … Read more

अविस्मरणीय

❤❤❤एक सभा में गुरु जी ने प्रवचन के दौरान एक 30 वर्षीय युवक को खडा कर पूछा कि – आप मुम्बई मेँ जुहू चौपाटी पर चल रहे हैं और सामने से एक सुन्दर लडकी आ रही है , तो आप क्या करोगे ? युवक ने कहा – उस पर नजर जायेगी, उसे देखने लगेंगे। गुरु … Read more

“धर्म” का पालन

इस फोटो में जो सज्जन हैं उनका नाम श्रीमान कृष्णमूर्ति अय्यर है – जोकि किट्टू मामा के नाम से प्रसिद्ध हैं। किट्टू मामा एक 36 वर्षीय वरिष्ठ नागरिक हैं और थेपीकुलम के पास त्रिची में दोसा और इडली बेचते हैं, जो चतिराम बस स्टैंड के निकट है। वह शाम 6 बजे के बाद अपनी दुकान … Read more

एक व्यक्ति भी हज़ारों बेईमानों पर भारी

शक्ति मिल्‍स गैंगरेप से लेकर जर्मनी बेकरी ब्‍लास्‍ट, कसाब और दाभोलकर मर्डर केस तक के अपराधियों को अपने स्‍केच के जरिए जेल की सलाखों तक पहुंचाने वाले नितिन महादेव यादव की कहानी, जिन्हें प्यार से *”आधा पुलिसवाला”* भी कहा जाता है। कई लोग इन्हें *’यादव साहब’* कह कर भी बुलाते है। नितिन मात्र 5वीं कक्षा … Read more

मैं भी उसको छोड़ने के मूड में नही था

अच्छा-भला अपनी लाइन में चल रहा था । तभी ओवरटेक करने के चक्कर में एक बाइक वाले ने ठोक दिया । दो पहलवान टाईप थे बाइक पर । टोका तो गलती मानने के बजाय मेरा ही कॉलर पकड़कर , गाड़ी पे लात मारकर बोला… कर ले जो करना है ! मैं भी कौन सा डरने … Read more

मेरे पिता

मेरे पिता… बेटा अपने बूढ़े पिता को अनाथआश्रम में छोड़कर वापस जा रहा था। उसकी बीवी ने फ़ोन किया और कहा: “अपने बाप को ये भी कह दो कि त्यौहार पर भी घर आने की आवश्यकता नहीं, अब वे वहीं रहें और हमें भी शान्ति से जीने दें।” बेटा वापस मुड़ा और अनाथआश्रम में गया … Read more

और फिर हो जाइए हरा-भरा…

मेरी पति ने कुछ दिनों पहले घर की छत पर कुछ गमले रखवा दिये और एक छोटा सा गार्डन बना लिया। पिछले दिनों मैं छत पर गयी तो ये देख कर हैरान रह गयी कि कई गमलों में फूल खिल गये हैं, नींबू के पौधे में दो नींबू भी लटके हुए हैं और दो चार … Read more